- अब बिना ऑपरेशन भी हटेगी ब्रेस्ट की गांठ, इंदौर में शुरू हुई नई तकनीक
- जियो स्टूडियोज़ और सिख्या एंटरटेनमेंट की फिल्म 'डोरोथी' का टाइटल आउट, TIFF प्रीमियर से पहले बड़ा सरप्राइज
- सन नियो लेकर आ रहा है 'राजनंदिनी' : बदला, प्यार और रहस्यों से भरी एक नई कहानी
- Sun Neo Announces Raajnanndini: A Powerful Story of Revenge and Love
- दिल धोखा और डिज़ायर से लेकर लॉक अप सीज़न 2 तक… आकांक्षा चमोला का धमाकेदार सफर
निहिलेंट ने भारत में शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी पहलों के जरिए अपने सीएसआर प्रयासों को और मजबूत किया
कंपनी ने वंचित समुदायों के लिए डिजिटल शिक्षा, समावेशी पढ़ाई और बच्चों की स्वास्थ्य सेवाओं पर खास ध्यान दिया है।
भारत – 21/04/2026: निहिलेंट एक वैश्विक कंसल्टिंग और टेक्नोलॉजी सर्विस कंपनी है, जो भारत में अपने सीएसआर (कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व) कार्यों को मजबूत कर रही है। कंपनी वंचित और कम सुविधा वाले समुदायों में शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और सभी के लिए समान अवसर देने पर काम कर रही है। अपने मानव-केंद्रित विकास के दृष्टिकोण के तहत, निहिलेंट टेक्नोलॉजी, बुनियादी ढांचे और साझेदारी की मदद से समाज में मौजूद कमियों को दूर करने का प्रयास कर रही है।
शिक्षा क्षेत्र में, निहिलेंट ने पुणे स्थित भटक्या विमुक्त जाती शिक्षण संस्था (बीवीजेएसएस) के आवासीय स्कूल में डिजिटल शिक्षा को बेहतर बनाने का काम किया है। इसके तहत कंपनी ने इंटरनेट सुविधा के साथ एक पूरी तरह से सुसज्जित कंप्यूटर लैब स्थापित की है और एक डिजिटल साक्षरता पाठ्यक्रम भी शुरू किया है। इस पहल से घुमंतू और आर्थिक रूप से कमजोर समुदायों के बच्चों को डिजिटल कौशल सीखने में मदद मिल रही है, जिससे वे तकनीक आधारित भविष्य के लिए बेहतर तरीके से तैयार हो सकें।
निहिलेंट ने बीवीजेएसएस कैंपस में रहने की सुविधाओं को भी बेहतर बनाया है। इसके लिए आधुनिक स्वच्छता सुविधाएं बनाई गई हैं और पोषण तथा चिकित्सा सामग्री जैसी जरूरी चीजों में भी मदद दी गई है। इन प्रयासों से स्वच्छता में सुधार हुआ हैं, स्वास्थ्य संबंधी जोखिम कम हुए हैं और आवासीय छात्रों के समग्र स्वास्थ्य में सुधार हुआ है।
इन पहलों पर टिप्पणी करते हुए निहिलेंट लिमिटेड के फाउंडर और एग्जीक्यूटिव चेयरमैन एल.सी. सिंह ने कहा, “निहिलेंट में सामाजिक जिम्मेदारी के प्रति हमारा दृष्टिकोण मानव-केंद्रित विकास के हमारे विश्वास पर आधारित है। हम टेक्नोलॉजी को सिर्फ व्यवसाय का साधन नहीं, बल्कि सम्मान, अवसर और समावेशन को बढ़ाने का एक मजबूत माध्यम मानते हैं। शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में अपने प्रयासों के जरिए हम बच्चों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना चाहते हैं, ताकि वे किसी भी परिस्थिति में सीख सकें, आगे बढ़ सकें और सफल हो सकें। हमारा उद्देश्य समुदायों को सशक्त बनाकर स्थायी प्रभाव पैदा करना है और यह सुनिश्चित करना है कि कोई भी बच्चा पीछे न रह जाए। हमारी हर पहल सहानुभूति और समुदाय की वास्तविक जरूरतों की गहरी समझ पर आधारित होती है। हम एक ऐसे समान भविष्य के निर्माण के लिए काम कर रहे हैं, जहाँ अवसर किसी व्यक्ति की पृष्ठभूमि से तय न हों।”
स्वास्थ्य के क्षेत्र में, निहिलेंट नवी मुंबई और यवतमाल स्थित श्री सत्य साई संजीवनी अस्पतालों के साथ साझेदारी के माध्यम से बच्चों की हृदय संबंधी (पेडियाट्रिक कार्डियक केयर) देखभाल में सहयोग कर रहा है। कंपनी ने एनेस्थीसिया मशीन और आईसीयू मॉनिटरिंग सिस्टम जैसे उन्नत मेडिकल उपकरण उपलब्ध कराए हैं, जिससे अस्पतालों की सुरक्षित सर्जिकल सेवाएं देने की क्षमता मजबूत हुई है।
निहिलेंट जन्मजात हृदय रोग से पीड़ित बच्चों के लिए जीवनरक्षक हृदय सर्जरी (पेडियाट्रिक कार्डियक सर्जरी) में भी सहायता कर रहा है। इससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को बिना किसी खर्च के मुफ्त में बेहतर इलाज मिल पा रहा है।
समावेशन पर अपने फोकस को और मजबूत करते हुए, निहिलेंट ने अयोध्या चैरिटेबल ट्रस्ट के साथ साझेदारी की है, जो सुनने में अक्षम (बधिर) बच्चों के लिए एक स्कूल चलाता है। इस पहल के तहत डिजिटल हियरिंग एड, विशेष शिक्षक और कंप्यूटर प्रशिक्षण की सुविधा दी जा रही है। इससे बच्चों के संवाद कौशल में सुधार हो रहा है, कक्षा में उनकी भागीदारी बढ़ रही है और उनकी पढ़ाई के परिणाम बेहतर हो रहे हैं।
ये सभी पहलें निहिलेंट के इस विश्वास को दर्शाती हैं कि असली प्रगति की शुरुआत शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा और अवसरों तक पहुंच से होती है। कंपनी उन क्षेत्रों में लंबे समय तक सकारात्मक बदलाव लाने के लिए प्रतिबद्ध है, जहाँ इसकी सबसे ज्यादा जरूरत है।


